इमनजोत सिंह चहल ने रणजी ट्रॉफी 2026-27 में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की। उन्होंने बुधवार को न्यू चंडीगढ़ में असम के खिलाफ एलीट ग्रुप बी के शुरुआती मुकाबले में पंजाब क्रिकेट टीम की ओर से अपना पहला फर्स्ट-क्लास शतक जड़ा।

यह शतक बेहद चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में बना।

असम की पहली पारी के 373 रनों के जवाब में पंजाब की टीम 237/5 के स्कोर पर संघर्ष कर रही थी। इसी दौरान टीम ने लगातार दो विकेट जल्दी-जल्दी गंवा दिए, तभी इमनजोत बल्लेबाजी करने मैदान पर उतरे।

इमनजोत सिंह चहल और सलिल अरोड़ा ने पारी को संभाला। साथ ही छठे विकेट के लिए 200 रन जोड़कर पंजाब की मैच में वापसी कराई। चहल तीसरे दिन 28 रन पर नाबाद लौटे थे और आखिरी दिन भी उन्होंने अपनी पारी जारी रखी।

पंजाब की गेंदबाजी के दौरान दो विकेट लेने वाले इस ऑलराउंडर ने अरोड़ा के आउट होने के बाद भी खेलना जारी रखा। उन्होने रेड-बॉल फॉर्मेट में 132 गेंदों में अपना पहला शतक पूरा किया।

इसके बाद लंच ब्रेक से पहले इमनजोत ने दीपज्योति सैकिया के खिलाफ लगातार दो छक्के जड़े।

पंजाब ने 478/6 पर अपनी पारी घोषित की, जिसमें इमनजोत 137 गेंदों पर 114 रन बनाकर नाबाद रहे। उन्होंने अपनी पारी के दौरान 10 चौके और चार छक्के लगाए और 83.21 के स्ट्राइक रेट से रन बनाए।

इमनजोत का यह चौथा फर्स्ट-क्लास मैच था। इस फॉर्मेट में उनका पिछला सर्वश्रेष्ठ स्कोर 83 रन था, जो उन्होंने पिछले रणजी ट्रॉफी सीजन में कर्नाटक के खिलाफ दर्ज किया था।

कुल मिलाकर, इमनजोत ने अब सात फर्स्ट-क्लास पारियों में 54.75 की औसत से 219 रन बनाए हैं।

इमनजोत सिंह चहल उन छह राजस्थान रॉयल्स खिलाड़ियों में से एक थे, जिन्होंने रणजी ट्रॉफी 2026-27 के मैचों के पहले दौर में हिस्सा लिया था।

चंडीगढ़ के खिलाफ मुंबई की जीत में यशस्वी जायसवाल और तुषार देशपांडे ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। देशपांडे ने हैट्रिक और एक पारी में पांच विकेट लेने की उपलब्धि हासिल की।

रविंद्र जडेजा ने छत्तीसगढ़ के खिलाफ सौराष्ट्र के लिए शतक लगाया, जबकि रवि सिंह और सुशांत मिश्रा क्रमशः रेलवे और झारखंड की टीमों का हिस्सा बने।

आईपीएल 2026 सीजन के दौरान चोटिल खिलाड़ी की जगह इमनजोत को रॉयल्स की टीम में शामिल किया गया था। 22 वर्षीय खिलाड़ी ने अभी तक आईपीएल में अपना डेब्यू नहीं किया है।